ट्रेडमार्क

भारत में ट्रेडमार्क रजिस्ट्रेशन

अपने ब्रांड नाम, लोगो या टैगलाइन को कानूनी सुरक्षा दें। यहाँ पूरी प्रक्रिया, सरकारी फीस और ज़रूरी दस्तावेज़ सरल भाषा में समझाए गए हैं।

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संक्षेप में: भारत में ट्रेडमार्क का आवेदन IP India पर ऑनलाइन किया जाता है। सरकारी फीस ₹4,500 प्रति क्लास (व्यक्ति, स्टार्टअप और छोटे उद्यम) और ₹9,000 प्रति क्लास (अन्य) है। रजिस्ट्रेशन 10 साल के लिए मान्य होता है और हर 10 साल में रिन्यू किया जा सकता है।

ट्रेडमार्क रजिस्ट्रेशन क्यों ज़रूरी है?

ट्रेडमार्क आपके ब्रांड की पहचान है। रजिस्ट्रेशन से आपको उस नाम या लोगो पर, जिन सामान या सेवाओं के लिए रजिस्ट्रेशन है, उनके लिए विशेष अधिकार मिलता है। कोई आपके ब्रांड की नकल करे तो रजिस्ट्रेशन होने पर कार्रवाई करना कहीं आसान हो जाता है।

रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया

  1. ब्रांड सर्च: आवेदन से पहले देखें कि मिलता-जुलता ट्रेडमार्क पहले से तो नहीं है।
  2. सही क्लास चुनें: 45 क्लास हैं — 1 से 34 सामान के लिए और 35 से 45 सेवाओं के लिए। हमारा ट्रेडमार्क क्लास फ़ाइंडर मदद करेगा।
  3. आवेदन (फ़ॉर्म TM-A): IP India पर ऑनलाइन फ़ाइल करें। आवेदन के दिन से आप ™ का उपयोग कर सकते हैं।
  4. जाँच (Examination): रजिस्ट्री आपके आवेदन की जाँच करती है। आपत्ति हो तो रिपोर्ट मिलने के एक महीने के भीतर जवाब देना होता है।
  5. ट्रेडमार्क जर्नल में विज्ञापन: स्वीकार होने पर ट्रेडमार्क प्रकाशित होता है। चार महीने तक कोई भी विरोध (opposition) दर्ज कर सकता है।
  6. रजिस्ट्रेशन: विरोध न हो तो ट्रेडमार्क रजिस्टर हो जाता है और आप ® का उपयोग कर सकते हैं।

सरकारी फीस (ई-फ़ाइलिंग)

व्यक्ति / स्टार्टअप / छोटे उद्यमकंपनी / अन्य
नया आवेदन (प्रति क्लास)₹4,500₹9,000
रिन्यूअल (प्रति क्लास, 10 साल बाद)₹9,000₹9,000

ये सरकारी फीस हैं। रियायती फीस के लिए DPIIT स्टार्टअप प्रमाणपत्र या Udyam (MSME) रजिस्ट्रेशन लगता है। पूरी गणना के लिए IPR कॉस्ट कैलकुलेटर देखें।

ज़रूरी दस्तावेज़

  • ब्रांड का नाम या लोगो (JPG/PNG)
  • आवेदक का पूरा नाम, पता, ईमेल और मोबाइल नंबर
  • सामान या सेवाओं का स्पष्ट विवरण
  • अगर ब्रांड पहले से उपयोग में है, तो उपयोग की तारीख और उपयोग का प्रमाण (बिल, विज्ञापन आदि) व यूज़र एफ़िडेविट
  • स्टार्टअप/MSME हों तो DPIIT या Udyam प्रमाणपत्र
  • कंपनी/LLP हो तो इनकॉर्पोरेशन सर्टिफ़िकेट; एजेंट के लिए पावर ऑफ़ अटॉर्नी

™ और ® में क्या अंतर है?

™ का उपयोग आप कभी भी कर सकते हैं — इसका अर्थ है कि आप इसे अपना ब्रांड मानते हैं। ® का उपयोग केवल रजिस्ट्रेशन के बाद, और केवल रजिस्टर्ड सामान/सेवाओं के लिए किया जा सकता है। बिना रजिस्ट्रेशन ® लगाना ट्रेड मार्क्स अधिनियम, 1999 की धारा 107 के तहत अपराध है।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

भारत में ट्रेडमार्क रजिस्ट्रेशन में कितना समय लगता है?
अगर कोई आपत्ति या विरोध न हो, तो आम तौर पर 12 से 24 महीने लगते हैं। आवेदन के दिन से ही आप ™ का उपयोग कर सकते हैं।
ट्रेडमार्क की सरकारी फीस कितनी है?
ई-फ़ाइलिंग पर व्यक्ति, स्टार्टअप और छोटे उद्यमों के लिए ₹4,500 प्रति क्लास और अन्य के लिए ₹9,000 प्रति क्लास।
ट्रेडमार्क कितने समय के लिए मान्य होता है?
आवेदन की तारीख से 10 साल। इसके बाद हर 10 साल में ₹9,000 प्रति क्लास (ई-फ़ाइलिंग) देकर रिन्यू किया जा सकता है।
आपत्ति (objection) आए तो क्या करें?
जाँच रिपोर्ट मिलने के एक महीने के भीतर लिखित जवाब दें, ज़रूरत हो तो उपयोग के प्रमाण के साथ। जवाब न देने पर आवेदन छोड़ा हुआ (abandoned) माना जा सकता है।
क्या Vakil Help Desk मेरा ट्रेडमार्क फ़ाइल कर सकता है?
हाँ — ब्रांड सर्च, सही क्लास, आवेदन और आपत्ति का जवाब, सब कुछ। हम किफ़ायती और उचित प्रोफेशनल फीस पर काम करते हैं और काम शुरू करने से पहले पारदर्शी कोटेशन देते हैं।

हम किफ़ायती और उचित प्रोफेशनल फीस पर काम करते हैं और काम शुरू करने से पहले पारदर्शी कोटेशन देते हैं। अभी बात करें — हिंदी या अंग्रेज़ी में।

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