संक्षेप में: डिजिटल पर्सनल डेटा प्रोटेक्शन अधिनियम, 2023 हर उस संस्था पर लागू होता है जो लोगों का डिजिटल व्यक्तिगत डेटा प्रोसेस करती है — ग्राहक, यूज़र या कर्मचारी। DPDP नियम, 2025 के तहत व्यवसायों के ज़्यादातर दायित्व 13 मई 2027 से लागू होंगे। उल्लंघन पर ₹250 करोड़ तक का जुर्माना हो सकता है।
मुख्य तारीख़ें
तारीख़
क्या लागू होगा
13 नवंबर 2025
DPDP नियम अधिसूचित; डेटा प्रोटेक्शन बोर्ड से जुड़े प्रावधान लागू
13 नवंबर 2026
कंसेंट मैनेजर का रजिस्ट्रेशन और दायित्व
13 मई 2027
नोटिस और सहमति, सुरक्षा उपाय, ब्रीच की सूचना, डेटा रिटेंशन, बच्चों का डेटा, सिग्निफ़िकेंट डेटा फ़िड्यूशियरी के दायित्व
व्यवसायों के मुख्य दायित्व
स्पष्ट नोटिस: कौन-सा डेटा, किस उद्देश्य से, सहमति कैसे वापस लें और शिकायत कैसे करें — सरल भाषा में, अंग्रेज़ी या संविधान की आठवीं अनुसूची की किसी भाषा में।
वैध सहमति: स्वतंत्र, विशिष्ट, सूचित और स्पष्ट; सहमति वापस लेना देने जितना ही आसान हो।
सुरक्षा उपाय: डेटा ब्रीच रोकने के लिए उचित तकनीकी और संगठनात्मक उपाय।
ब्रीच की सूचना: बोर्ड और प्रभावित लोगों को बिना देरी, और बोर्ड को 72 घंटे में विस्तृत रिपोर्ट।
डेटा रिटेंशन: उद्देश्य पूरा होने पर डेटा मिटाना, जब तक कोई और कानून रखने को न कहे।
बच्चों का डेटा: 18 साल से कम उम्र के लिए माता-पिता की सत्यापित सहमति।
वेंडर अनुबंध: डेटा प्रोसेसर के साथ वैध अनुबंध।
अधिकतम जुर्माना
उल्लंघन
अधिकतम जुर्माना
उचित सुरक्षा उपाय न करना
₹250 करोड़
ब्रीच की सूचना न देना; बच्चों के डेटा के दायित्व तोड़ना
₹200 करोड़
सिग्निफ़िकेंट डेटा फ़िड्यूशियरी के दायित्व तोड़ना
₹150 करोड़
अधिनियम या नियमों के अन्य उल्लंघन
₹50 करोड़
हम कैसे मदद करते हैं
DPDP गैप ऑडिट, प्राइवेसी नोटिस और पॉलिसी, सहमति की व्यवस्था, वेंडर डेटा प्रोसेसिंग एग्रीमेंट, ब्रीच रिस्पॉन्स प्लान और DPO-एज़-ए-सर्विस — अधिवक्ताओं और IT/साइबर कानून विशेषज्ञों द्वारा। शुरुआत के लिए हमारा मुफ़्त DPDP कम्प्लायंस कैलकुलेटर आज़माएँ।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
DPDP अधिनियम किस पर लागू होता है?
हर उस संस्था पर जो भारत में लोगों का डिजिटल व्यक्तिगत डेटा प्रोसेस करती है, आकार चाहे जो हो — ग्राहक, वेबसाइट यूज़र और कर्मचारियों का डेटा भी शामिल है।
अनुपालन कब तक करना है?
DPDP नियम, 2025 के तहत ज़्यादातर दायित्व 13 मई 2027 से लागू होंगे। कंसेंट मैनेजर से जुड़े नियम 13 नवंबर 2026 से लागू होंगे।
क्या स्टार्टअप को छूट है?
सामान्य छूट नहीं है। सरकार अधिसूचना द्वारा कुछ श्रेणियों के स्टार्टअप को कुछ प्रावधानों से छूट दे सकती है, लेकिन ज़्यादातर स्टार्टअप को अनुपालन करना होगा।
क्या डेटा प्रोटेक्शन ऑफ़िसर (DPO) ज़रूरी है?
केवल सिग्निफ़िकेंट डेटा फ़िड्यूशियरी के लिए भारत-स्थित DPO अनिवार्य है। बाकी सभी को ऐसे व्यक्ति का संपर्क विवरण प्रकाशित करना होता है जो डेटा प्रोसेसिंग से जुड़े सवालों का जवाब दे सके।
क्या Vakil Help Desk अनुपालन में मदद कर सकता है?
हाँ — ऑडिट से लेकर नोटिस, सहमति, वेंडर अनुबंध और ब्रीच प्लान तक। हम किफ़ायती और उचित प्रोफेशनल फीस पर काम करते हैं और काम शुरू करने से पहले पारदर्शी कोटेशन देते हैं।
हम किफ़ायती और उचित प्रोफेशनल फीस पर काम करते हैं और काम शुरू करने से पहले पारदर्शी कोटेशन देते हैं। अभी बात करें — हिंदी या अंग्रेज़ी में।